भविष्य में उत्तराखंड का जोगीमढ़ी बन सकता है टूरिस्ट प्लेस

हेल्लो दोस्तों आज हम बात कर रहे हैं जोगीमढ़ी की, प्राकृतिक सुंदरता और ऊंचे पर्वत पर स्थित होने के कारण चारों तरफ से खुला खुला महसूस होता है लोग काफी मात्रा में इधर उधर से यहां घूमने आते हैं


उत्तराखंड के पौड़ी जिले में स्थित जोगीमढ़ी बेहद खूबसूरत है खुला स्पेस और प्राकृतिक सौंदर्यता इसी और सुंदर बनाती है समुद्र तल से अट्ठारह सौ मीटर की ऊंचाई पर बसे होने के कारण यहां का मौसम लगभग हर महीने में ठंडा रहता है ऊंची चोटी में बसे होने के कारण यहां से चारों दिशाओं के दृश्य देखे जा सकते हैं और इस क्षेत्र की सबसे बड़ी खासियत है कि यदि आप सर्दियों में इस जगह में ट्रेवल्स करते हैं तो आप हिमालय पर्वत के दृश्य का आनंद भी ले सकते हैं यहां से हिमालय पर्वत एक शंकु के आकार का दिखाई देता है जो कि दूर से दिखाई देने के कारण बहुत खूबसूरत नजर आती है

आस-पास का वातावरण- अगर जोगीमढ़ी के वातावरण की बात की जाए तो काफी साफ सुथरा वातावरण आपको यहां देखने को मिलेगा, चारों तरफ हरियाली और छोटी-छोटी घास ओढ़े खेत देखने को मिलेंगे, सर्यदय और सूर्य अस्त का बेहद खूबसूरत नजारा यहां से देखने को भी मिलेगा यदि आप दूसरे शहर से आते हैं तो यहां के लोग भी काफी अच्छे होते हैं आपके साथ मेल मिलाप और अच्छा व्यवहार इनका सदैव से ही पर्यन्त रहता है,

जोगीमढ़ी का मौसम - ऊंची चोटी पर बसे होने के कारण यहां का मौसम काफी ठंडा रहता है यदि आप यहां घूमने की प्लानिंग कर रहे हैं तो आपको अपने साथ कुछ सर्दियों में पहने जाने वाले कपड़े भी साथ में रखने चाहिए ठंडी हवाओं के साथ साथ कभी- कभी बारिश भी हो जाती है
नवंबर से फरवरी के बीच यहां बर्फ़ पड़ने का मौसम होता है यदि आपको स्नोफॉल और बर्फ देखने का शौक है तो यह जगह आपके लिए परफेक्ट जगह है चारों तरफ से बर्फ से ढके पर्वत होने के कारण यह जगह स्वर्ग जैसा महसूस कराती  है इसलिए आपको सर्दियों में यहां एक ना एक बार तो जरूर आना चाहिए ।

रहन सहन - यदि आप दूसरे शहर से आए हैं तो आपको यहां रहन-सहन के पूरे साधन मिलेंगे । विशेषकर अतिथियों के लिए यहां एक विशाल गेस्ट हाउस का निर्माण किया गया है जो मुख्य रूप से बाहरी अतिथियों के लिए 24 घंटे खुला रहता है यह 15 से 20 मकान  हैं जो कि मुख्य रूप से जोगीमढ़ी के निवासी कहलाते हैं हर 5 किलोमीटर के अंदर आपको यहां नए गांव के दर्शन देखने को मिलेंगे, खाने की व्यवस्था की बात की जाए तो यहां छोटे-छोटे ढाबे काफी मात्रा में मौजूद है जिसमें आपको सुबह के ब्रेकफास्ट से लेकर रात्रि का भोजन आसानी से प्राप्त हो जाएगा इसके अलावा आपको यहां सभी प्रकार का सामान भी उपलब्ध मिल जाएगा।

आस-पास के प्रमुख क्षेत्र - जोगीमढ़ी दर्शन के बाद आप यहां के आसपास की प्रमुख क्षेत्रों की यात्रा भी कर सकते हैं जो प्राकृतिक तौर से सुंदर होने के कारण आप को और अधिक मनोहित करेंगे
मां कालिंका के दर्शन - जोगीमढ़ी से कुछ ही दूरी पर स्थित आप मां कालिंका के दर्शन भी कर सकते है यह अल्मोड़ा जिल्ले के रानीखेत क्षेत्र में आता है
सराईखेत- जोगीमढ़ी से लगभग 5 किलोमीटर की दूरी तय करने पर आपको सराईखेत के दर्शन भी हो जाएंगे, यह क्षेत्र हरियाली और प्राकृतिक सुंदरता के लिए जाना जाता है
बेजरो - जोगीमढ़ी से लगभग 20 से 25 किलोमीटर की दूरी पर स्थित बेजरो अपने आसपास के प्रसिद्ध बाजारी क्षेत्र के रूप में जाना जाता है यहां आपको सभी प्रकार के दैनिक जीवन में काम आने वाली वस्तुएं प्राप्त हो जाएगी,

कैसे पहुंचे जोगीमढ़ी- जोगीमढ़ी पहुंचने का जो सबसे अच्छा साधन है यहां पर रोडवेज है, एयरवेज का साधन यहां से काफी दूर है इसलिए आप यहां रोडवेज के जरिए भी यहां आ सकते हैं लगभग सभी जगह से रोड की कनेक्टिविटी होने के कारण बड़े आराम से आप यहां के दर्शन कर सकते हैं   


Previous
Next Post »

2 comments

Click here for comments
Unknown
admin
22 सितंबर 2020 को 8:56 am ×

जोगी मढ़ी की ऊंचाई कम लिखी हुई है।
PWD के बोर्ड पर ऊंचाई 1800 मीटर गलत हे मेने सरकारी भू पत्रक और GPS के द्वारा ऊंचाई PWD अधिकारियों को बता दी थी पर उन्होंने कुछ नहीं किया
बाजार 1950-1960 मीटर के बीच और पब्लिक इंटर कॉलेज 2008मीटर की ऊंचाई पर हे
डाक्टर सुरेश कुमार बन्दूनी

Reply
avatar